14/09/2017  भारत, बेलारूस के साथ रिश्‍ते मजबूत बनाने के लिए प्रतिबद्ध : राष्‍ट्रपति

राष्‍ट्रपति राम नाथ कोविंद ने 12 सितम्‍बर, 2017 को बेलारूस गणराज्‍य के राष्‍ट्रपति महाम‍हिम  अलेक्‍सान्‍द्र लुकाशेन्को की राष्‍ट्रपति भवन में अगवानी की। उन्‍होंने राष्‍ट्रपति लुकाशेन्‍को के सम्‍मान में भोज भी दिया।

बेलारूस के राष्‍ट्रपति लुकाशेन्‍को का स्‍वागत करते हुए राष्‍ट्रपति  कोविंद ने कहा कि वर्तमान समय में उनकी भारत यात्रा विशेष रूप से महत्‍वपूर्ण है, क्‍योंकि वर्ष 2017 भारत और बेलारूस के बीच कूटनीतिक संबंधों की स्‍थापना का रजत जयंती वर्ष है।

राष्‍ट्रपति ने कहा कि भारत और बेलारूस के बीच आपसी व्‍यापार में विविधता लाने के अपार अवसर मौजूद हैं। भारत, बेलारूस के साथ व्‍यापार और निवेश साझेदारी को मजबूत बनाने का इच्‍छुक है। उन्‍होंने कहा कि ‘मेक इन इंडिया’ कार्यक्रम दोनों देशों की कंपनियों को रक्षा के क्षेत्र में सहयोग के अवसर प्रदान करता है। बेलारूस पोटाश का बहुत बड़ा स्रोत है और भारत को इस क्षेत्र में उसके साथ साझेदारी की आशा है।

राष्‍ट्रपति ने कहा कि भारत संयुक्‍त राष्‍ट्र, परमाणु आपूर्तिकर्ताओं के समूह और अंतरराष्‍ट्रीय न्‍यायालय जैसे विभिन्‍न बहुपक्षी मंचों पर बेलारूस के समर्थन के लिए उसका आभार प्रकट करता है। भारत, बेलारूस के साथ संबंध और प्रगाढ़ बनाने के लिए प्रतिबद्ध है।

बाद में राष्‍ट्रपति लुकाशेन्‍को के सम्‍मान में दिये भोज के अवसर पर अपने भाषण में राष्‍ट्रपति कोविंद ने कहा कि अब तक हमारी आपसी साझेदारी सौहार्द और मैत्री से परिपूर्ण रही है, भविष्‍य में भी हमारे संबंधों में ऐसी ही संभावनाएं बने रहने की आशा है। साझा वैश्विक विजन रखने वाले भारत और बेलारूस, दोनों देश एक दूसरे की सम्‍प्रभुता, क्षेत्रीय अखंडता और समस्‍त राष्‍ट्रों की एकता का सम्‍मान करते हैं। हम दोनों विश्‍व में शांति और स्‍थायित्‍व के समर्थक हैं और विवादों तथा संघर्षों का शांतिपूर्ण समाधान चाहते हैं। दोनों देश आतंकवाद के सभी स्‍वरूपों और उनके प्रदर्शन की कड़े शब्‍दों में निंदा करते हैं।

Copyright @ 2017.