06/04/2018  हरियाणा सीएम के उड़नदस्ते नें नौकरी दिलानें वाले ठगों को किया गिरफ्तार

चंडीगढ़, 5 अप्रैल - हरियाणा में मुख्यमंत्री उड़नदस्ते ने आज हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग कार्यालय व अन्य विभागों के कर्मचारियों के साथ-साथ दलालों को सरकारी नौकरियों में चयन करवाने के नाम पर पैसे ऐंठने के एक गिरोह को पकड़ने में सफलता हासिल की है। इसी प्रकार, मुख्यमंत्री उड़नदस्ते ने जींद में भी एक कर्मचारी को इसी प्रकार से नौकरियों में चयन करवाने के नाम पर पैसे ऐंठने के लिए गिरफ्तार किया है।

        उल्लेखनीय है कि हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल को सरकारी नौकरियों में चयन करवाने के नाम पर पैसे लेने की विभिन्न शिकायतें मिल रही थीं, जिस पर मुख्यमंत्री ने उड़नदस्ते को जांच के लिए आदेश दिए थे।

        हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल के उड़नदस्ते द्वारा आज हरियाणा कर्मचारी आयोग के कार्यालय के व अन्य विभाग के कर्मचारियों/दलालों को काबू किया गया है। इनके द्वारा भर्तियों में साक्षात्कार व अन्य प्रकार से भर्ती में अपनी दक्षता से मैरिट पर आने वाले भोलेभाले उम्मीदवारों से उनका सरकारी नौकरी में चयन करवाने के नाम पर धोखाधड़ी से पैसे लिये जाने की सुचनाएं प्राप्त हो रही थी। इसमें हरियाणा चयन आयोग कार्यालय के कर्मचारी अपने पद का दुरूपयोग करके मैरिट लिस्ट वाले उम्मीदवारों से जिनको साक्षात्कार में केवल पास नम्बर की ही जरूरत हो उनको चिन्हित करते थे तथा इन्हीं उम्मीदवारों से दलालों के माध्यम से सम्पर्क करके पैसे लेते थे।

इस षड़यन्त्र में चयन आयोग के कार्यालय में नियुक्त कर्मचारियों के अतिरिक्त अन्य विभागों के कर्मचारी चयन आयोग के कर्मचारियों व अन्य दलालों से सम्पर्क था, की मिलीभगत होने की भी सुचनायें प्राप्त हो रही थी। ये लोग मोबाईल इत्यादि के माध्यम से मैरिट में चयनित उम्मीदवारों से ही से सम्पर्क करके उनसे ही पैसे लेते थे।

कार्यालय में तैनात कर्मचारी वहां का डाटा लीक करके दूसरे कर्मचारियों/दलालों से आदान-प्रदान करते थे। परीक्षार्थीयों की उत्तर पुस्तिका के नम्बरों को देखकर मैरीट में आने वाले उम्मीदवारों से सम्पर्क करके उनका नौकरी में चयन करवाने के नाम मोटी रकम ऐंठते  थे। इन सूचनाओं के आधार पर चयन आयोग भर्ती धांधले में संलिप्त कर्मचारियों व बाहरी दलालों को चिन्हित करके उनको तकनीकी सर्विलांस द्वारा ट्रैप किया गया, जिसमें हरियाणा चयन आयोग के कर्मचारियों के अतिरिक्त दूसरे विभाग के कुछ कर्मचारी व बाहरी दलाल भर्तीयों के नाम पर उम्मीदवारों से पैसे के लेनदेन की बातचीत करते पाये गये तथा इसके अतिरिक्त आयोग की गोपनीय सूचनायें भी आपस में आदान-प्रदान करते पाये गये।

हरियाणा के मुख्यमंत्री मनोहर लाल की अगुवाई में राज्य की वर्तमान सरकार की भ्रष्टाचार विरोधी जीरो टोलरैन्स पॅलिसी को दृढ़ता से पालना करते हुये आज  मुख्यमंत्री उड़न दस्ता द्वारा इस भ्रष्टाचार के षड़यन्त्र को उजागर करने के लिये पूर्ण जांच उपरान्त मुकदमा नं0 189 दिनांक 05-04-2018 धाराधीन 166, 167, 420, 465, 467, 468, 471, 120-बी भा0द0सं0, 7/8/10/12/13/13(1)/15 भ्रष्टाचार अधिनियम व 66, 72 आई0टी0 एक्ट, थाना सैक्टर-5, पंचकूला दर्ज किया गया।

जांच उपरान्त इस षड़यन्त्र में अब तक चयन आयोग, अन्य विभागों के कर्मचारियों तथा दलाल को आज गिरफतार किया गया, जिनमें सुभाष पराशर अधीक्षक, रोहताश शर्मा सहायक, सुखविन्द्र सिंह सहायक, अनिल शर्मा सहायक, पुनीत सैनी आई0टी0 सैल में अनुबन्ध कर्मचारी, धर्मेन्द्र यह कर्मचारी चयन आयोग को पूर्व में कम्पनी के माध्यम से अनुबन्ध के तौर पर कम्पनी के माध्यम से कर्मचारी उपलब्ध करवाता था और बलवान सिंह लिपिक हुडा विभाग तथा सुरेन्द्र कुमार सहायक सिंचाई विभाग शामिल हैं।

        इस मामले में सभी आरोपियों को काबू करके उनसे गहनता से पुछताछ की जा रही है तथा इनके मोबाईलों व अन्य सम्पर्क के साधनों की तकनीकी तौर पर जांच की जा रही है, जिसके लिये मुख्यमंत्री उड़न दस्ता में नियुक्त पुलिस अधीक्षक के स्तर के अधिकारी की देखरेख में एक विशेष जांच कमेटी (एसआईटी) का गठन किया गया है। सभी गिरफतार दोषियों को न्यायालय में पेश करके इनका रिमाण्ड प्राप्त करके इनसे गहनता से पूछताछ की जायेगी, जिसमें और भी महत्वपूर्ण तथ्य सामने आने की सम्भावना है। 

        इसके अलावा, आज जिला जीन्द में भी मुख्यमंत्री उड़न दस्ता द्वारा हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग की भर्तीयों में भोलेभाले लोगों को बहलाकर पैसे लेने बारे सुरेश कुमार सुपुत्र बलबीर सिंह जाती जाट निवासी उदयपुर जिला जींद जोकि गांव बडनपुर जिला जीन्द में जूनियर लैक्चरार के पद पर तैनात है को काबू किया है, यह भी मोबाईल के माध्यम से दलालों से जुड़कर हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग व  केन्द्र सरकार की नौकरियों में उम्मीदवारों का चयन करवाने के लिये पर पैसे लेता था।

आज उक्त दोषी को मुकदमा नं0 92 दिनांक 05-04-2018 धाराधीन 7/8/10/12 भ्रष्टाचार अधिनियम व 384, 406, 420, 120-बी भा0द0सं0 थाना शहर नरवाना में गिरफतार किया गया है। यह भोलेभाले उम्मीदवारों से उनको सरकारी नौकरी लगवाने के नाम पर पैसा लेता था। इस षड़यंत्र में इसके साथ अन्य दूसरे लोग भी शामिल हैं। इससे पूछताछ की जा रही है, जिसको न्यायालय में पेश करके रिमाण्ड हासिल किया जायेगा।

Copyright @ 2017.