राष्ट्रीय (13/08/2019) 
कैट ने हरदीप पुरी से आग्रह किया की मॉनिटरिंग कमेटी को भंग करने के लिए सरकार उच्चतम न्यायालय में याचिका दायर करे

कॉन्फ़ेडरेशन ऑफ़ आल इंडिया ट्रेडर्स (कैटने आज केंद्रीय शहरी विकास मंत्री श्री हरदीप पुरी को एक ज्ञापन भेजकर आग्रह किया है की सीलिंग पर उच्चतम न्यायालय द्वारा गठित निगरानी समिति को भंग करने के लिए सरकार अटॉर्नी जनरल के द्वारा उच्चतम न्यायालय से मांग करे !

 

कैट के राष्ट्रीय महामंत्री श्री प्रवीन खंडेलवाल ने कहा की अब जब उच्चतम न्यायालय ने पहले से ही डीडीए के उपाध्यक्ष की अध्यक्षता में एक स्पेशल टास्क फाॅर्स का गठन कर दिया है ऐसे में अब मॉनिटरिंग कमेटी का बने रहने का कोई औचित्य नहीं रह जाता और इस लिए उच्चतम न्यायालय द्वारा 13 वर्षपुरानी इस कमेटी को समाप्त कर देना चाहिए ! उन्होंने श्री पुरी से यह भी आग्रह किया की क्योंकि मास्टर प्लान 2041 पर सरकार तेजी से काम कर रही है और वर्ष 2021 में यह मास्टर प्लान लागू हो जाएगा इस लिए भविष्य की दिल्ली को बेहतर बनाने के लिए सरकार तुरंत एक एमनेस्टी स्कीम लाये जिसकेअंतर्गत 31 दिसम्बर 2018 तक दिल्ली में जो जहाँ है जैसा है को स्वीकार किया जाए और सरकार चाहे तो इसके एवज में व्यापारियों से कुछ वाजिब शुल्क चार्ज कर ले ! इसी बीच जो दुकाने सील हो गई हैं और सरकार द्वारा मास्टर प्लान में किये गए संशोधन में शामिल हैं उनकी सील भी तुरंत खुलवाई जाए ! मॉनिटरिंग कमेटी अपने अड़ियल रवैय्ये के कारण ऐसी दुकानों की सील भी नहीं खोल रही है !

 

श्री खंडेलवाल ने कहा की मॉनिटरिंग कमेटी ने दिल्ली नगर निगम कानून 1957 को ताक पर रखते हुए गत 13 वर्षों में मनमाने तरीके से निर्णय लेते हुए जगह जगह सीलिंग की है जिसमें अनेक सीलिंग कानूनी रूप से वैध नहीं है जिसके कारण दिल्ली के व्यापार एवं उद्योग में एक भय का वातावरण बना हुआ हैऔर दिल्ली का व्यापार बुरी तरह से प्रभावित हुआ है ! मॉनिटरिंग कमेटी का काम केवल यह देखना होता है की उच्चतम न्यायालय के आदेशों का पालन विभिन्न सरकारी विभागों द्वारा हो रहा है या नहीं और विपरीत सूरत में उच्चतम न्यायालय को वस्तु  स्तिथि से अवगत कराना होता है ! मॉनिटरिंग कमेटीअपनी तरफ से कोई नियम अथवा कानून नहीं बना सकती है ! लेकिन इस मॉनिटरिंग कमेटी ने आज तक अपने ही नियम बनाये हैं और खुद ही निर्णय लिए हैं जो की मॉनिटरिंग कमेटी के अधिकार क्षेत्र के बाहर हैं ! मॉनिटरिंग कमेटी एक तरह से सभी सरकारी विभागों जैसे दिल्ली नगर निगमडीडीए , दिल्लीपुलिस , नई दिल्ली 

Copyright @ 2019.