विशेष (01/05/2022) 
अमावस्या सेवा द्वारा सामूहिक विशाल भंडारे का आयोजन।
अमावस्या सेवा एक ऐसा ग्रुप है, जो पितरों को हम सभी अपने पितरों का ऋण तो जिंदगी भर नहीं उतार सकते, लेकिन आप अमावस्या पर एक छोटी सी पहल जैसे कि भंडारे का आयोजन या  गरीबों में भोजन बांटकर इस तरह की पहल आप शुरू कर के अपने पितरों की नाराज़गी दूर कर पुण्य का भाग्यशाली बन सकते हैं।
शनिवार के दिन 30 अप्रैल को दिल्ली के कड़कड़डूमा कोर्ट हेडगेवार आरोग्य संस्थान के बाहर , जरूरतमंद इंसानों के लिए सामूहिक रूप से भंडारे का आयोजन 11:00 बजे से आरंभ होकर 4:00 बजे तक किया गया। जिसमें भंडारे के सभी संचालक उपास्थित थे, अमावस्या का दिन पितरों की नाराजगी दूर करने के लिए उत्तम माना जाता है। आज के दिन कुछ पुण्य करके आप भी अपने पितरों की नाराजगी को दूर कर सकते हैं।
अमावस्या हर महीने में आती है, अमावस्या तिथि को पितरों के लिए समर्पित माना जाता है, जो अमावस्या शनिवार के दिन पड़ती है, उसे शनि अमावस्या या शनैश्चरी अमावस्या के नाम से जाना जाता है। आज  शनिवार को शनैश्चरी अमावस्या है। शनैश्चरी अमावस्या का महत्व कई गुणा ज्यादा होता है, यदि आपके घर में पितृ दोष लगा है  या पितर आपसे नाराज हैं, तो शनैश्चरी अमावस्या का दिन इस लिहाज से अत्यंत शुभ है।
पितरों के नाराज होने पर व्यक्ति के जीवन में काफी उतार-चढ़ाव आते हैं। हर तरह की परेशानियां आती हैं, कुल मिलाकर जीवन अस्त व्यस्त बना रहता है। यदि आपके साथ भी ऐसा कुछ है, तो आज अमावस्या के दिन आप अपने पितरों के निमित्त कुछ काम करके उन्हें, आसानी से मना सकते हैं और उनका आशीर्वाद प्राप्त कर सकते हैं,
आप और हम पर सभी के पितरों की कृपा बनी रहे।

दिल्ली से रामनरेश की रिपोर्ट

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