द्वारका जिला पुलिस की एंटी बर्गलरी सेल ने बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए सीतापुरी, डाबड़ी इलाके में एक मकान में दस दिन तक चली चोरी की वारदात को अंजाम देने वाले छह सक्रिय चोरों को गिरफ्तार कर लिया है। पकड़े गए चोरों के कब्जे से बड़ी संख्या में पुराने एंटीक सामान, इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस और दो ई-रिक्शा बरामद किए गए हैं, जिन्हें चोरी के सामान की ढुलाई में इस्तेमाल किया गया था।
मामला तब सामने आया जब 62 वर्षीय दीपक मेहरा ने 21 जुलाई को पुलिस को सूचना दी कि उनके विदेश में रहने के दौरान उनके घर में 20 जून से 1 जुलाई तक लगातार चोरी होती रही। चोरों ने उनके घर से रेडियो, म्यूजिक सिस्टम, स्पीकर्स, स्टूडियो कैमरा लाइट्स जैसे कई कीमती एंटीक इलेक्ट्रॉनिक आइटम चोरी कर लिए थे।
मामले की गंभीरता को देखते हुए द्वारका जिला डीसीपी ने तुरंत एंटी बर्गलरी सेल को जिम्मेदारी सौंपी। इंस्पेक्टर विवेक मैंडोला के नेतृत्व में बनी टीम ने सीसीटीवी फुटेज खंगाले और पाया कि चोर रात के अंधेरे में ई-रिक्शा से चोरी का सामान ले जा रहे थे। कड़ी निगरानी और सर्विलांस के बाद पुलिस ने सबसे पहले दो आरोपियों की पहचान की और फिर उनके बाकी साथियों तक भी पहुंच गई।
टीम को गुप्त सूचना मिली कि सभी आरोपी चोरी का सामान बेचने की फिराक में सागरपुर इलाके में जुटे हैं। तुरंत कार्रवाई करते हुए पुलिस ने दादा देव अस्पताल के पास जाल बिछाया और दो ई-रिक्शा में सवार सभी छह आरोपियों को धर दबोचा। मौके से 40 टेप रिकॉर्डर, एक सिलाई मशीन, आठ म्यूजिक मिक्सचर, छह म्यूजिक की-बोर्ड, ड्रम सेट, कैसेट डेक और 35 रेडियो बरामद किए गए।
गिरफ्तार चोरों की पहचान आलोक उर्फ पंडित, नंदन उर्फ छेना, राहुल उर्फ नोनू, रेमो पासवान, फूलचंद और संतोष उर्फ कालू के रूप में हुई है। पूछताछ में पता चला कि सभी आरोपी नशे के आदी हैं और नशे के लिए ही चोरी की वारदात को अंजाम देते थे। इनमें से रेमो को छोड़कर बाकी सभी पहले भी चोरी के मामलों में गिरफ्तार हो चुके हैं।
द्वारका जिला पुलिस की इस कामयाबी ने इलाके में सक्रिय चोर गिरोहों के हौसले पस्त कर दिए हैं और जनता में भरोसा फिर से मजबूत हुआ है कि पुलिस की पैनी नजर से कोई बच नहीं सकता।





