नई दिल्ली: स्पेशल सेल नॉर्थ रेंज (NR) और STF की टीम ने बड़ी कार्रवाई करते हुए कुख्यात हिमांशु भाऊ गैंग के तीन शूटरों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान पुनीत उर्फ अंकित, अनीकेत और मोहित के रूप में हुई है। तीनों आरोपी थाना बवाना में दर्ज हत्या के प्रयास के मामले में लंबे समय से फरार चल रहे थे। पुलिस ने इनके कब्जे से तीन अत्याधुनिक पिस्टल, नौ जिंदा कारतूस और एक चोरी की मोटरसाइकिल बरामद की है।
डीसीपी स्पेशल सेल/NR कृष्ण कुमार आईपीएस के अनुसार, यह गिरोह विदेश में बैठे विक्की उर्फ हडल के इशारों पर काम कर रहा था। निजी रंजिश के चलते आरोपियों को यामिन उर्फ चंदू पर फायरिंग करने का निर्देश दिया गया था, ताकि उसके जरिए विक्की अपने चाचा की हत्या का बदला ले सके।
8 दिसंबर 2025 को जब यामिन अपनी स्कूटी से सुल्तानपुर डाबस की ओर जा रहा था, तभी आरोपियों ने जानबूझकर उसकी स्कूटी को टक्कर मारी और गिरते ही उस पर गोलियां चला दीं। हालांकि, यामिन किसी तरह जान बचाने में सफल रहा। जांच में यह भी सामने आया कि आरोपियों ने वारदात से एक दिन पहले इलाके की रेकी की थी।
03 जनवरी 2026 को स्पेशल सेल को सूचना मिली कि हिमांशु भाऊ गैंग से जुड़े शूटर रोहिणी इलाके में हथियारों के साथ मौजूद हैं। सूचना के आधार पर इंस्पेक्टर मनदीप और जयबीर के नेतृत्व में टीम गठित कर छापेमारी की गई, जिसमें तीनों आरोपियों को दबोच लिया गया। उनके पास से तीन पिस्टल, नौ कारतूस और एक चोरी की मोटरसाइकिल बरामद हुई।
पूछताछ में सामने आया कि पुनीत और अनीकेत विदेश में बैठे नसीब के संपर्क में थे, जो गैंग के लिए अपराधों को अंजाम दिलवाता है। वहीं मोहित, जो दिल्ली में ड्राइवर का काम करता था, की पहचान यामिन से पहले से थी। उसी के जरिए उसे इस साजिश में शामिल किया गया। वारदात के बाद मोहित फरार हो गया और गैंग के सदस्यों के निर्देश पर लखनऊ चला गया, जहां उसकी मुलाकात पुनीत और अनीकेत से हुई।
स्पेशल सेल का कहना है कि आरोपियों की गिरफ्तारी से हिमांशु भाऊ गैंग के नेटवर्क को बड़ा झटका लगा है। तीनों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जा रही है और इस मामले में आगे की जांच जारी है।







