गणतंत्र दिवस परेड 2025 में दिल्ली पुलिस का परचम, लगातार दूसरी बार जीती

नई दिल्ली: गणतंत्र दिवस परेड 2025 में दिल्ली पुलिस मार्चिंग कंटिंगेंट ने एक बार फिर इतिहास रचते हुए बेस्ट मार्चिंग कंटिंगेंट ट्रॉफी अपने नाम कर ली है। यह लगातार दूसरा वर्ष है जब दिल्ली पुलिस ने यह प्रतिष्ठित खिताब जीता है। इससे पहले 2024 में दिल्ली पुलिस महिला कंटिंगेंट ने यह उपलब्धि हासिल की थी। इस जीत के साथ, दिल्ली पुलिस ने अब तक कुल 17वीं बार यह ट्रॉफी अपने नाम कर ली है, जो उनकी अनुशासन, एकता और मेहनत का परिचायक है।

दिल्ली पुलिस की इस शानदार मार्चिंग कंटिंगेंट का नेतृत्व अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त (DCP) ऋषि कुमार सिंह, IPS ने किया। इसमें 3 सब-इंस्पेक्टर, 44 हेड कांस्टेबल और 100 कांस्टेबल शामिल थे। सभी जवानों ने लाल साफा पहनकर जब कदमताल की, तो उनकी एकरूपता और अनुशासन ने पूरी परेड में एक अलग ही भव्यता ला दी। प्रत्येक जवान की ऊंचाई छह फीट से अधिक थी, जिससे परेड के दौरान उनका प्रदर्शन और प्रभावशाली नजर आया।

इस बार परेड में दूसरी बार शामिल हुई दिल्ली पुलिस की ऑल-वुमन बैंड ने भी अपने शानदार प्रदर्शन से दर्शकों का दिल जीत लिया। बैंड मास्टर रूयंगुनुओ केंसे के नेतृत्व में इस बैंड में 4 महिला सब-इंस्पेक्टर और 64 महिला कांस्टेबल शामिल थीं, जिन्होंने अपनी धुनों से पूरे माहौल को संगीतमय बना दिया।

इस ऐतिहासिक जीत के पीछे दिल्ली पुलिस के कड़े प्रशिक्षण का बड़ा योगदान रहा। नवंबर 2024 से ही कंटिंगेंट को NPL परेड ग्राउंड, दिल्ली में रोज़ाना 6 घंटे की कड़ी ट्रेनिंग दी गई। इसके बाद 3 जनवरी 2025 से कर्तव्य पथ पर अंतिम रिहर्सल हुई। दिलचस्प बात यह है कि इस बार आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आधारित तकनीक का इस्तेमाल कर मार्चिंग कंटिंगेंट की सिंक्रोनाइज़ेशन, फुट मूवमेंट और समरूपता को परखा गया। वीडियो और इमेज एनालिसिस के ज़रिए ड्रिल इंस्ट्रक्टर्स को बारीकी से सुधार करने में मदद मिली।

इस शानदार परेड कंटिंगेंट को मुख्य ड्रिल प्रशिक्षक इंस्पेक्टर रमेश तुशीर ने प्रशिक्षित किया, जबकि पूरे प्रशिक्षण की निगरानी विशेष CP (आर्म्ड पुलिस डिवीजन) नीरज ठाकुर, संयुक्त CP एम.एन. तिवारी, अतिरिक्त CP डॉ. राकेश बंसल, DCP (4th बटालियन) कृष्ण कुमार, ACP घनश्याम मीणा और भगवती प्रसाद ने की। दिल्ली पुलिस आयुक्त संजय अरोड़ा, IPS की निगरानी में जवानों ने बेहतरीन प्रदर्शन किया।

दिल्ली पुलिस 1950 से हर गणतंत्र दिवस परेड का हिस्सा रही है और यह जीत उनकी अनुशासन, सेवा और न्याय की भावना को और मजबूत करती है। “शांति, सेवा और न्याय” के अपने मूल मंत्र को निभाते हुए दिल्ली पुलिस राजधानी में कानून-व्यवस्था बनाए रखने के साथ-साथ परेड में भी अपना लोहा मनवाती रही है।

इस जीत ने एक बार फिर साबित कर दिया कि दिल्ली पुलिस न केवल सुरक्षा बल्कि शानदार परेड प्रदर्शन में भी अव्वल है। लगातार दूसरी बार इस ट्रॉफी को जीतकर दिल्ली पुलिस ने अपनी प्रतिष्ठा और सम्मान को और ऊंचा कर दिया है।

  • Leema

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