दिल्ली के सदर बाजार इलाके में खरीदारी के दौरान भीड़ में गुम हुए एक 13 वर्षीय बच्चे को दिल्ली पुलिस ने अपनी मुस्तैदी और मानवीय पहल ‘ऑपरेशन मिलाप’ के तहत महज एक घंटे में उसके पिता से मिलाकर परिवार को राहत की सांस दी है।
घटना 25 जुलाई की है जब भल्लभगढ़, हरियाणा निवासी महेश कुमार अपने बेटे के साथ सदर बाजार मार्केट में खरीदारी करने आए थे। शाम करीब साढ़े चार बजे जब महेश कुमार एक दुकान में सामान देख रहे थे, तभी उनका बेटा भीड़ में कहीं गुम हो गया। घबराए पिता ने तुरंत पास में गश्त कर रही पुलिस टीम से मदद मांगी।
इंस्पेक्टर सहदेव सिंह तोमर (एसएचओ/सदर बाजार) की निगरानी में एसआई मोहित और एचसी प्रदीप डागर की टीम ने बिना वक्त गंवाए बच्चे की तलाश शुरू की। इलाके के प्रमुख सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली गई। बस स्टैंड, रेलवे स्टेशन, बाजार, पार्क और भीड़भाड़ वाले इलाकों में सार्वजनिक उद्घोषणा प्रणाली से बच्चे की जानकारी प्रसारित करवाई गई। मंदिर, मस्जिद, गुरुद्वारा और शेल्टर होम तक में पूछताछ की गई।
टीम की लगातार कोशिशों का नतीजा यह रहा कि कुछ ही देर बाद बच्चा सदर बाजार में ही एक दुकान के बाहर बैठा मिला। कागजी कार्रवाई और काउंसलिंग के बाद बच्चे को उसके पिता को सुरक्षित सौंप दिया गया।
बच्चे को पाकर पिता की आंखों में खुशी के आंसू थे और उन्होंने दिल्ली पुलिस का दिल से धन्यवाद किया। पुलिस की फुर्ती से एक बड़ा हादसा टल गया और एक परिवार की खुशियां लौट आईं। इस पूरी घटना ने एक बार फिर साबित कर दिया कि दिल्ली पुलिस न सिर्फ कानून व्यवस्था संभालने में बल्कि जरूरतमंदों की मदद करने में भी हमेशा आगे रहती है।






