दिल्ली पुलिस की तेज़ कार्रवाई: महरौली मर्डर केस में तीन गिरफ्तार, हथियार भी बरामद

नई दिल्ली। दक्षिणी दिल्ली के महरौली स्थित सीडीआर चौक पर हुई सनसनीखेज हत्या के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। दिल्ली पुलिस की AATS और महरौली थाना पुलिस की संयुक्त टीम ने एक साहसिक और तेज़ कार्रवाई करते हुए दो शूटरों को मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार कर लिया है, जबकि तीसरे साजिशकर्ता को भी एक अन्य स्थान से पकड़ा गया। इस मुठभेड़ के दौरान पुलिस टीम पर आरोपियों ने अंधाधुंध गोलियां चलाईं, जिसके जवाब में आत्मरक्षा में की गई फायरिंग में दोनों शूटरों के पैर में गोली लगी और उन्हें काबू कर लिया गया।

15 मई को दोपहर लगभग 12:45 बजे सीडीआर चौक, महरौली में एक व्यक्ति अरुण लोहिया की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। मृतक अरुण फतेहपुर बेरी के अयानगर फेज-3 का निवासी था। घटना के तुरंत बाद पुलिस ने एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी थी। जांच के दौरान पुलिस टीमों ने इलाके के सीसीटीवी कैमरों की गहन जांच की और इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस से सुराग जुटाए। इसी के आधार पर आरोपियों की पहचान कर ली गई।

लगभग 19 दिनों की लगातार मेहनत के बाद पुलिस को एक महत्वपूर्ण सुराग मिला, जिसके बाद कार्रवाई को अंजाम दिया गया। 4-5 जून की रात AATS टीम को सूचना मिली कि दोनों शूटर चिराग दिल्ली–खानपुर कॉरिडोर के पास देखे गए हैं। मौके पर घेराबंदी की गई और जैसे ही आरोपी बाइक पर भागने लगे, पुलिस ने उन्हें घेरा। जवाबी फायरिंग में दोनों आरोपियों दीपक और योगेश घायल हो गए। फायरिंग के दौरान एक गोली हेड कांस्टेबल कमल प्रकाश के बुलेटप्रूफ जैकेट पर भी लगी, जिससे उनकी जान बच गई। दोनों आरोपियों को तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया और पूछताछ में उन्होंने हत्या की बात कबूल की।

उनके कब्जे से एक चीनी स्टार ऑटोमैटिक पिस्टल (.25 एमएम), एक 9 एमएम पिस्टल, एक .32 बोर पिस्टल, 12 जिंदा कारतूस, 6 खाली कारतूस और एक मोटरसाइकिल बरामद की गई, जो अपराध में इस्तेमाल हुई थी।

इसके अलावा, पूछताछ के बाद तीसरे आरोपी अजय को पुष्प विहार के एशियन मार्केट के पास से गिरफ्तार किया गया। उसके पास से एक देसी पिस्तौल और तीन जिंदा कारतूस बरामद किए गए। उसके खिलाफ साकेत थाने में एक अलग मामला दर्ज किया गया है।

गिरफ्तार आरोपियों में दीपक और योगेश दोनों पहले से ही कई संगीन मामलों में शामिल रहे हैं। वहीं अजय की भूमिका इस हत्या की साजिश रचने में सामने आई है।

इस पूरी कार्रवाई के लिए पुलिस आयुक्त ने टीम को प्रशंसा और पुरस्कार देने की घोषणा की है।

  • Leema

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