द्वारका पुलिस ने शातिर चोर गिरफ्तार, सोने-चांदी के जेवर व मोबाइल बरामद

द्वारका जिले की एंटी-बर्गलरी सेल ने 22 वर्षीय आरोपी राम (निवासी बिंदापुर, दिल्ली) को गिरफ्तार किया है। उसके खिलाफ बीएनएस की धारा 35.1(A)&(E) के तहत मामला दर्ज किया गया है। पुलिस ने उसके कब्जे से एक सोने का लॉकेट, सोने की चेन, चार नोज रिंग, एक सोने की अंगूठी, चांदी की चार पायलें, तीन जोड़ बिच्छियां, एक चांदी का कंबर्बंद, पाँच चांदी के सिक्के और पाँच चोरी के मोबाइल फोन बरामद किए हैं। राम के पकड़े जाने के बाद आठ अलग-अलग चोरी और गृहभेदन के मामले सुलझा लिए गए हैं।

इससे पहले 12 दिसंबर को उत्तम नगर में रहने वाली एक महिला ने अपने घर में चोरी की शिकायत पुलिस को दी थी। उन्होंने बताया था कि चोर उनके घर की खिड़की तोड़कर सोना-चांदी लेकर फरार हो गया। इस पर बिंदापुर थाने में एफआईआर दर्ज की गई और मामले की जांच एंटी-बर्गलरी सेल को सौंपी गई।

डीसीपी द्वारका अंकित सिंह के निर्देश पर इंस्पेक्टर विवेक मैडोला की अगुवाई में एक विशेष टीम बनाई गई। टीम ने सीसीटीवी फुटेज खंगाले, जिसमें आरोपी नकाब लगाकर घर में आते-जाते दिखाई दिया। दो दिनों तक आरोपी की गतिविधियों का पीछा करते हुए पुलिस उसके निशान तक पहुंची, लेकिन वह बार-बार भाग निकलता था। उसके पहचान होते ही पुलिस ने तकनीकी और मैनुअल सर्विलांस बढ़ा दी। अंततः मुखबिर की सूचना पर आरोपी को सेक्टर-3 द्वारका के डीडीए पार्क के पास घेराबंदी कर पकड़ा गया।

पूछताछ में पता चला कि आरोपी राम बचपन से ही कठिन परिस्थितियों में पला। उसके पिता टेंट हाउस में काम करते थे, जिनकी बीमारी से मौत हो चुकी है। परिवार बिखरने के बाद वह पढ़ाई छोड़कर गलत संगत में पड़ गया और नशे का आदी हो गया। नशे का खर्च पूरा करने के लिए उसने चोरी करना शुरू किया। पुलिस जांच में यह भी सामने आया है कि यह उसका पहला आपराधिक मामला है और उसने अब तक घरों को निशाना बनाकर चोरी की वारदातों को अंजाम दिया।

द्वारका जिले के आठ चोरी और घरफोड़ मामलों के राज खुलने से स्थानीय पुलिस को बड़ी राहत मिली है। पुलिस अब यह जांच कर रही है कि आरोपी ने चोरी का सामान कहां और किसे बेचा तथा क्या उसके साथ कोई और व्यक्ति भी शामिल है। दिल्ली पुलिस ने साफ किया है कि इस तरह की आपराधिक गतिविधियों पर सख्त कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।

  • Leema

    Related Posts

    अग्रसेन के विचार एवं सिद्धांत आज के युग में भी प्रासंगिक है: स्वामी आर्यवेश

    भिवानी, 10 अक्टूबर। बच्चों को केवल पुस्तकों के माध्यम से महापुरुषों के जीवन से परिचित करवाना पर्याप्त नहीं है, बल्कि रचनात्मक गतिविधियों के माध्यम से उनके विचारों को समझने और…

    पैरामाउंट सिंटेक्स के आईपीओ को मिला दमदार रिस्पॉन्स

    मुंबई (अनिल बेदाग): वस्त्र उद्योग की कंपनी पैरामाउंट सिंटेक्स लिमिटेड के आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) को निवेशकों का शानदार समर्थन मिला है। कंपनी का 81.79 करोड़ रुपये का लघु एवं…

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    You Missed

    हस्तरेखा से भी पता चलता है पितृदोष

    हस्तरेखा से भी पता चलता है पितृदोष

    कुंडली में पितृदोष कैसे पहचाना जाता है? जानिए ज्योतिषीय मान्यताएं

    कुंडली में पितृदोष कैसे पहचाना जाता है? जानिए ज्योतिषीय मान्यताएं

    पितृपक्ष ही नहीं, हर अमावस्या पितरों को याद करें, उनके नाम पर किसी गरीब के जीवन में रोशनी लाएं

    पितृपक्ष ही नहीं, हर अमावस्या पितरों को याद करें, उनके नाम पर किसी गरीब के जीवन में रोशनी लाएं

    अग्रसेन के विचार एवं सिद्धांत आज के युग में भी प्रासंगिक है: स्वामी आर्यवेश

    अग्रसेन के विचार एवं सिद्धांत आज के युग में भी प्रासंगिक है: स्वामी आर्यवेश

    पैरामाउंट सिंटेक्स के आईपीओ को मिला दमदार रिस्पॉन्स

    पैरामाउंट सिंटेक्स के आईपीओ को मिला दमदार रिस्पॉन्स

    कुलजीत सिंह चहल ने 43 एनडीएमसी एवं नवयुग स्कूलों में ‘सेवा चित्र’ प्रतियोगिताओं का किया शुभारंभ

    कुलजीत सिंह चहल ने 43 एनडीएमसी एवं नवयुग स्कूलों में ‘सेवा चित्र’ प्रतियोगिताओं का किया शुभारंभ