नई दिल्ली में आयोजित ‘एस्ट्रो कल्चरल महोत्सव 2026’ में दिल्ली विधानसभा अध्यक्ष Vijender Gupta ने समाज में आत्मचिंतन, संस्कृति और प्राचीन ज्ञान की भूमिका को बेहद महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि जो समाज ठहरकर सोचता है, वही अपनी सही दिशा तय कर पाता है।
कॉन्स्टिट्यूशन क्लब ऑफ इंडिया में आयोजित इस कार्यक्रम में उन्होंने ज्योतिष को समय को समझने का एक गहरा और दार्शनिक प्रयास बताते हुए कहा कि यह केवल गणना नहीं, बल्कि मानव और ब्रह्मांड के रिश्ते को समझने का माध्यम है। उनके अनुसार, आधुनिक दौर में भी यह सोच प्रासंगिक है और लोगों में विनम्रता व चिंतन की भावना विकसित करती है।
उन्होंने भारतीय परंपराओं को देश की ‘सॉफ्ट पावर’ बताते हुए कहा कि जब दर्शन, कला और प्राचीन विज्ञान को सही रूप में दुनिया के सामने रखा जाता है, तो वे वैश्विक संवाद का मजबूत सेतु बनते हैं। आज विश्व भी आधुनिकता और परंपरा के संतुलन के लिए भारत की ओर देख रहा है।
विजेंद्र गुप्ता ने यह भी कहा कि संगीत, साहित्य और विद्वता जैसी सांस्कृतिक अभिव्यक्तियाँ केवल मनोरंजन नहीं, बल्कि एक मजबूत और जागरूक समाज की नींव हैं। ऐसे मंच लोकतांत्रिक मूल्यों को सुदृढ़ करने और जिम्मेदार नेतृत्व को विकसित करने में अहम भूमिका निभाते हैं।
कार्यक्रम के अंत में उन्होंने आयोजकों की सराहना करते हुए विश्वास जताया कि ऐसे आयोजनों से भारत की समृद्ध बौद्धिक विरासत के प्रति नई पीढ़ी का जुड़ाव और भी मजबूत होगा।






