दिल्ली क्राइम ब्रांच ने जहांगीरपुरी में हुए सनसनीखेज हत्याकांड के मुख्य आरोपी राजन (31) को गिरफ्तार कर लिया है, जो पिछले एक साल से पुलिस की गिरफ्त से बचता फिर रहा था। आरोपी को अदालत ने 2 जुलाई 2025 को घोषित अपराधी करार दिया था।
यह वारदात 16 जुलाई 2024 की है, जब राजन ने अपने दो साले — अमन उर्फ बड़ा नाटा और अभिषेक उर्फ छोटा नाटा — और दूसरी पत्नी आरती के साथ मिलकर भारत यादव नामक युवक की बेरहमी से हत्या कर दी थी। चारों ने पीड़ित को चाकुओं और लाठियों से तब तक हमला किया, जब तक उसकी सांसें थम नहीं गईं। बीच-बचाव करने आई पीड़ित की मां को भी गंभीर चोटें आईं। इस निर्मम हत्या ने दिल्ली-एनसीआर में दहशत फैला दी थी।
घटना के बाद तीन आरोपी — अमन, अभिषेक और आरती — को स्थानीय पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया था, लेकिन मुख्य आरोपी राजन फरार हो गया। गिरफ्तारी से बचने के लिए उसने अलग-अलग राज्यों में छिपकर मजदूरी जैसे काम किए, पहचान छिपाने के लिए मोबाइल फोन और इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस का इस्तेमाल पूरी तरह बंद कर दिया और बार-बार ठिकाना बदलता रहा। वह अपने गांव तक नहीं लौटा और पहली पत्नी को भी छोड़ दिया।
क्राइम ब्रांच की एजीएस टीम ने लगातार तकनीकी और मानवीय खुफिया जुटाकर उसकी तलाश जारी रखी। कई बार हरियाणा, राजस्थान समेत कई राज्यों में दबिश दी गई, लेकिन वह बच निकलता था। आखिरकार 11 अगस्त 2025 को एक पुख्ता सूचना पर टीम ने रोहिणी के मधुबन चौक से उसे गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस के मुताबिक, राजन मूल रूप से हिसार, हरियाणा का रहने वाला है और उसके खिलाफ पहली पत्नी ने करनाल में भी एक आपराधिक केस दर्ज कराया है, जिसमें वह अभी तक फरार था। फिलहाल उससे आगे की पूछताछ जारी है।





