द्वारका जिले की एंटी-बर्गलरी सेल ने बाजारों में सिलसिलेवार रात की चोरियों का खुलासा करते हुए 22 वर्षीय आरोपी पीयूष तुलस्वानी को गिरफ्तार किया है। आरोपी ने बदले की भावना में अपने ही मामा की चार दुकानों के शटर तोड़कर चोरी की वारदात को अंजाम दिया था। पुलिस ने उसके कब्जे से एक एचपी लैपटॉप बरामद किया है।
31 जनवरी 2026 को शिकायतकर्ता जीतू ने सेक्टर-18, सेक्टर-11, सेक्टर-12 और सेक्टर-4, द्वारका स्थित अपनी कन्फेक्शनरी की दुकानों में रात के समय चोरी की सूचना दी थी। मामले में अलग-अलग ई-एफआईआर दर्ज की गईं। जांच के दौरान शिकायतकर्ता ने शक जताया कि वारदात उसके भांजे पीयूष ने की है। सीसीटीवी फुटेज खंगालने पर आरोपी शटर तोड़ते हुए स्पष्ट दिखाई दिया।
डीसीपी द्वारका Ankit Singh के निर्देश पर एंटी-बर्गलरी सेल की टीम ने तकनीकी और मैनुअल सर्विलांस शुरू किया। आरोपी लगातार मोबाइल बंद कर लोकेशन छिपा रहा था और सफदरजंग, हौज खास, राजापुरी व डाबरी इलाके में ठिकाने बदलता रहा। 13 फरवरी को सूचना मिली कि वह डाबरी फल मंडी आएगा। पुलिस ने जाल बिछाकर उसे दबोच लिया। शुरुआत में उसने अपराध से इनकार किया, लेकिन सीसीटीवी फुटेज दिखाए जाने पर उसने अपना जुर्म कबूल कर लिया।
पूछताछ में सामने आया कि पिता की मौत के बाद वह मामा की दुकान पर काम करता था, लेकिन गबन के आरोप में नौकरी से निकाल दिया गया। अपमानित महसूस कर उसने बदला लेने की ठानी और भाई की स्कूटी से चारों दुकानों के शटर तोड़कर नकदी, लैपटॉप और मोबाइल चुरा लिए। तब से वह डाबरी गांव में दोस्त के साथ रह रहा था।
आरोपी के खिलाफ चारों मामलों में कार्रवाई की जा रही है। पुलिस का कहना है कि उसकी गिरफ्तारी से द्वारका इलाके में हुई चारों रात की चोरियों का खुलासा हो गया है और आगे की जांच जारी है।




