दिल्ली के नॉर्थ कैंपस इलाके में मोबाइल स्नैचिंग की वारदातों से परेशान लोगों के लिए राहत भरी खबर है। मौरिस नगर थाना पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और आरटीओ रिकॉर्ड के बारीकी से विश्लेषण के बाद एक शातिर स्नैचर को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी के कब्जे से लूटा गया मोबाइल फोन और वारदात में इस्तेमाल की गई मोटरसाइकिल भी बरामद कर ली गई है। इस गिरफ्तारी के साथ ही मौरिस नगर थाने के दो मामलों का खुलासा हो गया है।
घटना 28 जनवरी 2026 की है। कमला नगर में किराए पर रहने वाली एक युवती शाम करीब 5 बजे बंगला रोड स्थित गोल चक्कर के पास पैदल अपने कमरे की ओर जा रही थी। इसी दौरान स्प्लेंडर मोटरसाइकिल पर सवार दो युवकों ने उसका वन प्लस मोबाइल फोन झपट लिया और मौके से फरार हो गए। पीड़िता की शिकायत पर मौरिस नगर थाने में मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई।
थाना प्रभारी इंस्पेक्टर देवेंद्र सिंह के नेतृत्व और एसीपी सिविल लाइंस विकास मीणा के मार्गदर्शन में गठित पुलिस टीम ने घटनास्थल के आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। आरोपियों के संभावित आने-जाने के रास्तों का गहन विश्लेषण किया गया। फुटेज में मोटरसाइकिल की आगे की नंबर प्लेट का आंशिक नंबर दिखाई दिया। इसके आधार पर ट्रैफिक मुख्यालय और परिवहन विभाग से मिलान कर पूरी रजिस्ट्रेशन संख्या का पता लगाया गया।
जांच के दौरान पुलिस टीम गाजियाबाद के लोनी स्थित अशोक विहार पहुंची, जहां वाहन के पंजीकृत मालिक से पूछताछ में पता चला कि मोटरसाइकिल उसके पड़ोसी नौशाद ने निजी काम के बहाने ली थी और वापस नहीं की थी। पुलिस ने नौशाद के घर दबिश दी, लेकिन वह फरार मिला। इसके बाद मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया गया और लगातार प्रयासों के बाद सूचना मिली कि आरोपी 6-7 फरवरी की रात भजनपुरा इलाके में आने वाला है। पुलिस ने जाल बिछाकर 7 फरवरी को तड़के करीब 2:30 बजे 19 वर्षीय नौशाद को गिरफ्तार कर लिया।
आरोपी की निशानदेही पर मौरिस नगर क्षेत्र में एक सुनसान जगह पर खड़ी मोटरसाइकिल बरामद की गई। बाइक की डिग्गी से लूटा गया मोबाइल फोन भी बरामद हुआ। पूछताछ में नौशाद ने खुलासा किया कि वह एक नाबालिग साथी के संपर्क में आया था, जो पहले से मोबाइल स्नैचिंग करता था। जल्दी पैसा कमाने और नशे की लत पूरी करने के लिए उसने पड़ोसी की बाइक लेकर नॉर्थ कैंपस इलाके में लगातार दो वारदातों को अंजाम दिया। उसने यह भी कबूल किया कि वारदात के बाद पहचान छिपाने के लिए वह बाइक की पिछली नंबर प्लेट पर कीचड़ लगा देता था, ताकि कोई पूरा नंबर नोट न कर सके। वह चोरी किए गए मोबाइल फोन को सस्ते दामों में राह चलते लोगों को बेचने की फिराक में था, लेकिन इससे पहले ही पुलिस ने उसे दबोच लिया।
जांच में यह भी सामने आया कि 29 जनवरी को दर्ज एक अन्य ई-एफआईआर में भी यही आरोपी उसी मोटरसाइकिल पर वारदात के बाद भागता हुआ सीसीटीवी में दिखाई दिया। इस तरह पुलिस ने दो मामलों का सफलतापूर्वक खुलासा कर दिया है। आरोपी का नाबालिग साथी फिलहाल फरार है, जिसकी तलाश में पुलिस की टीमें लगातार दबिश दे रही हैं।
गिरफ्तार नौशाद स्कूल ड्रॉपआउट है और नशे का आदी बताया जा रहा है। पुलिस के अनुसार, आसान पैसे की चाह और नशे की लत ने उसे अपराध की राह पर धकेल दिया। फिलहाल मामले की आगे की जांच जारी है और अन्य संभावित वारदातों में उसकी संलिप्तता की भी जांच की जा रही है।
उत्तरी जिला के डीसीपी राजा बनथिया ने बताया कि क्षेत्र में स्नैचिंग की घटनाओं पर सख्त निगरानी रखी जा रही है और अपराधियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी।






