25/07/2015  मुंशी प्रेमचंद जयन्ती का अखिल भारतीय समारोह 31 जुलाई को
शिमला : आगामी 31 जुलाई को मुंशी प्रेमचंद जयन्ती के उपलक्ष्य में आयोजित हो रहे साहित्य संवाद-2015 में हिमाचल की वरिष्ठ कवियित्री सरोज परमार को 'इरावती सृजन सम्मान 2015' प्रदान किया जाएगा।यह सम्मान हमीरपुर में हो रहे समारोह में प्रदान किया जाएगा।
साहित्योत्सव-15 के आयोजक व इरावती के संपादक राजेंद्र राजन ने आज यहां बताया कि कवियित्री सरोज परमार को इरावती साहित्यिक पत्रिका की ओर से पहला आजीवन उपलब्धि सम्मान दिया जा रहा है। उन्हें सम्मान के अंतर्गत शाॅल, टोपी, प्रशस्ति के अलावा 11 हजार रुपये नकद राशि के रूप में दिए जाएंगे। प्रशस्ति की प्रस्तुति दैनिक जागरण धर्मशाला के स्थानीय संपादक व युवा कवि नवनीत शर्मा करेंगे।
उन्होंने बताया कि अखिल भारतीय स्तर की यह संगोष्ठी इरावती पत्रिका व हिमाचल प्रदेश भाषा व संस्कृति विभाग के सहयोग से आयोजित की जा रही है। सम्मान समारोह की अध्यक्षता केंद्रीय विश्वविद्यालय धर्मशाला के उपकुलपति डाॅ. कुलदीप चंद अग्निहोत्री करेंगे व मुख्य अतिथि सूचना एवं जन सम्पर्क विभाग के निदेशक डाॅ. एमपी सूद होंगे।
हमारीपुर के उपायुक्त कार्यालय परिसर में स्थित हमीर भवन में प्रातः 10 बजे से आरंभ होने वाले लिटरेरी फेस्टिवल के दूसरे सत्र में कहानी पाठ-1 होगा। इसमें पहले प्रेमचंद की कालजयी कहानी 'कफन' का पुर्नपाठ होगा। इस पर डाॅ. सुशील कुमार फुल्ल टिप्पणी प्रस्तुत करेंगे। कहानी पाठ-2 के लिए एसआर हरनोट, रेखा ढडवाल, अशोक गुप्ता, पूजा अवस्थी, सिमर सदोष, विजय उपाध्याय, त्रिलोक मेहरा, सुरेश शांडिल्य, ओम भारद्वाज आमंत्रित हैं। कहानी पाठ सत्र की अध्यक्षता सुप्रसिद्ध कथाकार ममता कालिया करेंगी।
तीसरा सत्र परिचर्चा का है, जिसमें साहित्य, मीडिया व कला में 'अभिव्यक्ति के खतरे' विषय पर विभूति नारायण राय आलेख प्रस्तुत करेंगे। वे जाने माने लेखक, वर्तमान साहित्य के संपादक व अन्तरराष्ट्रीय महात्मा गांधी हिन्दी विश्वविद्यालय वर्धा, महाराष्ट्र के पूर्व कुलपति हैं। इस विषय पर खुली परिचर्चा होगी।
साहित्योत्सव-15 का चैथा सत्र कविता को समर्पित है। इसमें चर्चित व प्रख्यात कवि सुरेश सेन निशांत आलेख प्रस्तुत करेंगे। इसका विषय होगा- 'कविता से जन की दूरी क्यों'? इस सत्र की अध्यक्षता जाने माने कथाकार, भारतीय ज्ञानपीठ के पूर्व निदेशक व नया ज्ञानोदय के पूर्व संपादक रवीन्द्र कालिया करेंगे।
साहित्य संवाद-15 का पांचवा व अंतिम सत्र काव्य पाठ है, जिसमें सुरेश सेन निशांत, रेखा, आत्मा रंजन, नवनीत शर्मा, कान्ता शर्मा, सरोज परमार, नलिनी विभा नाज़ली, राजीव त्रिगर्ति, गुरमीत बेदी, विजय विद्रोही, पीयूष गुलेरी, दीपक शर्मा व अन्य कवि कविताएं प्रस्तुत करेंगे। इस सत्र की अध्यक्षता जाने-माने लेखक केशव करेंगे।
साहित्य संवाद में राजकीय डिग्री काॅलेज हमीरपुर के हिन्दी विभाग के छात्र भी भाग लेंगे। केंद्रीय विश्वविद्यालय धर्मशाला के हिन्दी व अंग्रेजी विभाग के प्रोफेसर और रिसर्च स्काॅलर भी भाग लेंगे।
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