05/07/2017  मंत्री श्रीमती कविता जैन ने कहा है कि पोलैंड की तर्ज पर हरियाणा सरकार वैश्विक मंच पर बडी पहचान रखने वाले गुरूग्राम में पर्यावरण अनुकूल परिवहन व्यवस्था स्थापित करेगी
चंडीगढ़ 4 जुलाई -  हरियाणा की शहरी स्थानीय निकाय मंत्री श्रीमती कविता जैन ने कहा है कि पोलैंड की तर्ज पर हरियाणा सरकार वैश्विक मंच पर बडी पहचान रखने वाले गुरूग्राम में पर्यावरण अनुकूल परिवहन व्यवस्था स्थापित करेगी। इसमें पहले चरण में 75 से 100 बिजली चालित बसों का संचालन किया जाएगा। दस साल के संचालन में प्रत्येक बस सवा चार लाख लीटर डीजल बचाते हुए 1150 टन कार्बन उत्जर्सन रोकते हुए पर्यावरण को बेहतर बनाने में मददगार होगी और नागरिकों के लिए भरोसेमंद सार्वजनिक परिवहन सेवा की मिसाल बनेंगी।
पोलैंड के शहर पोजनान में आज श्रीमती कविता जैन की अगुवाई में हरियाणा के प्रतिनिधिमंडल ने यूरोप की सबसे बडी बिजली बस निर्माता कंपनी और जेबीएम गु्रप के संयुक्त उद्यम जेबीएम सोलारिस इलेक्ट्रिक व्हीकल्स लिमिटेड के संयंत्र का दौरा करते हुए पोलैंड के सार्वजनिक परिवहन में अप्रत्याशित बदलाव लाने वाली बिजली चालित बसों का अवलोकन किया।
जेबीएम गु्रप के कार्यकारी निदेशक एवं कन्फेडरेशन आफ इंडियन इंडस्ट्री के हरियाणा चैप्टन के चेयरमैन निशांत आर्य व डॉ. डारिज्शु मिहालक ने शहरी स्थानीय निकाय मंत्री कविता जैन, शहरी स्थानीय निकाय के प्रधान सचिव आनंद मोहन शरण, निदेशक शेखर विद्यार्थी, मुख्य अभियंता ओपी गोयल, अधीक्षक अभियंता नगर निगम सोनीपत टीएल शर्मा को संयंत्र में बिजली चालित बसों के निर्माण संबंधी तथा सार्वजनिक परिवहन में उनके संचालन को लेकर जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जेबीएम पदाधिकारियों ने दौरे के दौरान बताया कि बिजली चालित बस आवाज और प्रदूषण मुक्त है। इसके संचालन में गैस अथवा तेल की जरूरत नहीं पडेगी, जिससे हरित परिवहन को बढावा दिया जाएगा।
दौरे के दौरान शहरी स्थानीय निकाय मंत्री कविता जैन ने बताया कि भारत में बिजली चालित वाहनों के संचालन को लेकर केंद्र एवं राज्य सरकार गंभीर है। वैश्विक स्तर पर भी बेहतर बुनियादी ढांचे, आवासीय, वाणिज्यिक, सार्वजनिक क्षेत्र की उपयोगी सेवाओं में गुरूग्राम में तेजी अपना स्थान बनाया है। दिल्ली एनसीआर में अहम तथा व्यापारिक एवं सामाजिक दृष्टि से महत्वपूर्ण गुरूग्राम में भरोसेमंद सार्वजनिक परिवहन प्रणाली तैयार की जाएगी। इसके लिए पहले चरण में गुरूग्राम में 75 से 100 बिजली चालित बसें चलाई जाएंगी। यह बसें न केवल सडक पर वाहनों के दबाव को कम करेंगी, अपितु कार्बन उत्सर्जन में कमी लाएगी। मंत्री कविता जैन ने बताया कि सामान्य बस के मुकाबले एक बिजली चालित बस अपने संचालन के 10 साल की अवधि में 4 लाख 20 हजार लीटर डीजल की खपत में कटौती करेगी, जिससे गुरूग्राम के सार्वजनिक परिवहन को पर्यावरण अनुकूल बनाने में मदद मिलेगी। इन बसों के संचालन से गुरूग्राम में औसतन 50 हजार नागरिकों को दैनिक आधार पर बेहतर सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था मिलेगी। इस दिशा में गुरूग्राम मैट्रोपोलिटन डेवलपमेंट अथारिटी, नगर निगम गुरूग्राम तथा एचएसआईआईडीसी क्रमश: 50, 40 एवं 10 प्रतिशत के अनुपात में खर्च वहन करेंगी।
मंत्री कविता जैन ने कहा कि वर्ष 2030 तक प्रदेश ही नहीं अपितु देश में बिजली चालित वाहनों की संख्या एवं उपलब्धता में बढोतरी की जाएगी, ताकि कार्बन उत्सर्जन पर बे्रक लगाते हुए पर्यावरण को बेहतर बनाया जा सके। उन्होंने कहा कि जेबीएम गु्रप वर्तमान में फरीदाबाद के पास वल्लभगढ में सीएनजी बस निर्माण का संयंत्र स्थापित कर चुका है। इसी संयंत्र में कंपनी जल्द ही मेक इन इंडिया के तहत बिजली चालित बसों का निर्माण भी शुरू करेगी। इस दौरान भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश मीडिया प्रमुख राजीव जैन भी मौजूद रहे।
सूजसविह-2017
 
चंडीगढ़, 4 जुलाई - हरियाणा सरकार द्वारा राज्य के सभी सरकारी स्कूलों में रिवर्स ओस्मोसिस (आरओ)सिस्टम स्थापित करने के निर्णय से राज्य के सरकारी स्कूलों में पढ़ रहे विद्यार्थियों को अब आवश्यक खनिजों से युक्त स्वच्छ पेयजल मिला सुनिश्चित होगा।
प्रारंभ में, अगले वर्ष से यह सुविधा शहरी स्कूलों में उपलब्ध करवाई जाएगी और बाद में इस सुविधा का विस्तार ग्रामीण क्षेत्रों के स्कूलों में भी किया जाएगा।
         इस आशय का निर्णय केंद्र प्रायोजित योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करने के लिए मुख्यमंत्री श्री मनोहर लाल की अध्यक्षता में आज यहां हुई एक बैठक में लिया गया। बैठक में वित्त मंत्री कैप्टन अभिमन्यु और जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी राज्य मंत्री डॉ. बनवारी लाल भी उपस्थित थे।
इसके अलावा, सरकार सरकारी स्कूलों की छतों पर सौर पैनल स्थापित करने की भी योजना बना रही है। इस प्रकार उत्पन्न की जाने वाली सौर ऊर्जा का उपयोग कंप्यूटर चलाने के लिए किया जाएगा।
योजनाओं की समीक्षा करते हुए मुख्यमंत्री ने अन्य स्रोतों से ऋणों पर आश्रित रहने की बजाय राज्य के अपने राजस्व को बढ़ाने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने मुख्य सचिव की अध्यक्षता में एक समिति का गठन करने के भी निर्देश दिए, जिसमें वित्त विभाग के अधिकारियों को सदस्यों के रूप में शामिल किया जाएगा ताकि व्यर्थ व्यय को दूर करने और राजस्व व्यय को कम करने के तरीके तलाशे जा सकें। 
मुख्यमंत्री ने निर्देश दिए कि सभी प्रशासनिक सचिव विभिन्न योजनाओं को परियोजना अनुमोदन बोर्ड को भेजने से पहले उनके यथार्थता प्रस्ताव तैयार करेंगे, ताकि केंद्र द्वारा शीघ्रातिशीघ्र निधि जारी की जा सके। उन्होंने प्रशासनिक सचिवों को उन्हें उन योजनाओं की सूची सौंपने के भी निर्देश दिए जिनके लिए पिछले दो वर्षों से केंद्र से धन प्राप्त नहीं हुआ है, ताकि संबंधित मंत्रालयों से उस बारे बातचीत की जा सके। उन्होंने उन्हें यह भी निर्देश दिए कि केन्द्र प्रायोजित योजना के तहत बजट का समुचित उपयोग किया जाना चाहिए ताकि विकास कार्यों में बाधा न आए।
उन्होंने 10,000 से अधिक की आबादी वाले 126 गांवों में सीवरेज सुविधा प्रदान करने की महत्वाकांक्षी महा ग्राम योजना के कार्यान्वयन के लिए अलग बजट का प्रावधान करने का भी निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार एक स्मार्ट ग्राम प्राधिकरण स्थापित करने की प्रक्रिया में है और कॉर्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी(सीएसआर) को भी इसके साथ जोड़ा जाएगा।
बैठक में बताया गया था कि जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के राष्ट्रीय ग्रामीण पेयजल कार्यक्रम के तहत, 2016-17 के दौरान 110 प्रतिशत लक्ष्य प्राप्त किया गया है। इसके अलावा, वर्ष के दौरान राष्ट्रीय नदी संरक्षण कार्यक्रम के तहत कुल धन में से 98 प्रतिशत का उपयोग किया गया। बैठक में यह भी बताया गया कि वर्ष 2016-17 के दौरान राज्य में 19 सीवेज ट्रीटमेंट प्लांट (एसटीपी) स्थापित किए गए हैं और सात नए एसटीपी पर काम चल रहा है।
बैठक में यह भी बताया गया कि माध्यमिक शिक्षा विभाग की राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान(आरएमएसए)योजना के तहत आरोही मॉडल स्कूलों में लड़कियों के होस्टल का निर्माण प्रगति पर है। इसके अलावा, प्रयोगशालाओं के लिए कंप्यूटरों की खरीद हेतू हारट्रोन के पास राशि जमा करा दी गई है।
इससे पूर्व, मुख्यमंत्री ने उच्चतर शिक्षा, स्वास्थ्य, आयुष और चिकित्सा शिक्षा सहित कई अन्य विभागों की केन्द्र प्रायोजित योजनाओं की भी समीक्षा की।
बैठक में मुख्य सचिव, श्री डी.एस.ढेसी, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव श्री राजेश खुल्लर, वित्त विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव पी.राघवेंद्र राव, जनस्वास्थ्य अभियांत्रिकी विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव श्री संजीव कौशल, स्कूल शिक्षा के प्रधान सचिव श्री पी.के. दास, उच्चतर शिक्षा के प्रधान सचिव डॉ. महावीर सिंह, स्वास्थ्य विभाग के प्रधान सचिव श्री अमित झा, वित्त विभाग की विशेष सचिव श्रीमती आशिमा बराड़, मिशन निदेशक, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन श्रीमती अमनीत पी.कुमार और राज्य सरकार के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
क्रमांक - 2017
 

चंडीगढ़, 4 जुलाई- हरियाणा बिजली वितरण निगम बिजली चोरी रोकने के अभियान को तीव्र करते हुए पूरे प्रदेश में युद्ध स्तर पर छापेमारी कर रहे हैं। जून माह के दौरान प्रदेशभर में बिजली चोरी के 12054 मामले पकड़े गए और दोषी उपभोक्ताओं पर 40.39 करोड़ रुपए का जुर्माना लगाया गया। इसमें से करीब 14.06 करोड़ रुपए वसूल किए जा चुके हैं। 
     निगम के एक प्रवक्ता ने आज यहां यह जानकारी देते हुए बताया कि गत माह में प्रदेश भर के उद्योगों व अन्य बड़े उपभोक्ताओं के परिसरों में भी छापेमारी की गई, जहां बड़े स्तर पर हो रही बिजली चोरी के मामले सामने आए। बहादुरगढ़ की एक प्लास्टिक दाना फैक्टरी में 46 लाख 27 हजार रुपए की बिजली चोरी पकड़ी गई। वहीं सोनीपत के नगर निगम कार्यालय में 24 लाख 50 हजार रुपए व सोनीपत की ही मुर्गी दाना फैक्टरी में 23 लाख रुपए, फतेहाबाद के एक मोबाईल टॉवर से 13 लाख 23 हजार रुपए और डबवाली की एक टाईल फैक्टरी में 13 लाख रुपए से अधिक की बिजली चोरी पकड़ी गई है। इसके अलावा प्रदेश भर में भारी संख्या में आर.ओ. वाटर प्लांट, पोल्ट्री फार्म, होटल/रेस्टोरेंट व लघु उद्योगों में बड़े स्तर की बिजली चोरी के मामले सामने आए हैं। 
     इसके साथ ही, उन्होंने बताया कि विभाग द्वारा दोषी उपभोक्ताओंं के खिलाफ  बिजली अधिनियम के तहत कार्रवाई की जा रही है। जुर्माना न जमा करवाने वाले दोषियों पर एफ.आई.आर. दर्ज करवा, उन्हें गिरफ्तार भी किया गया है। विभाग द्वारा बिजली चोरी में सम्मिलित सरकारी कर्मचारियों पर जुर्माने के साथ-साथ विभागीय कार्रवाई करने के लिए संबंधित विभाग को भी सूचित किया जा रहा है।
     उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम की ओर से जून माह में 4985 बिजली चोरी के मामले पकड़े गए, जिन्हें 19.13 करोड़ रुपए का जुर्माना लगाया गया, इसमें से 8.27 करोड़ रुपए वसूले गए। वहीं दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम की ओर से जून माह में 7069 बिजली चोरी के मामलों में 21.26 करोड़ रुपए जुर्माना किया गया, जिसमें से 5.79 करोड़ रुपए वसूले जा चुके हैं ।             
     प्रदेश के सभी नागरिकों से अपील है कि अपने आस-पास होने वाली बिजली चोरी की जानकारी निगम को दें। बिजली निगमों के सभी उपमंडल कार्यालयों की ओर से जारी किए गए नंबरों पर फोन या वॉट्सएप के द्वारा बिजली चोरी के बारे में जानकारी दी जा सकती है, इसके अतिरिक्त सभी कार्यकारी अभियंता, अधीक्षक अभियंता, मुख्य अभियंता अथवा मुख्यालय पर तैनात वरिष्ठ अधिकारियों से वॉट्सएप द्वारा संपर्क करके भी बिजली चोरी के बारे में जानकारी दी जा सकती है। जिस पर अधिकारियों की ओर से तुरंत प्रभाव से कार्रवाई की जाएगी। इसके साथ ही विभाग द्वारा जारी किए टॉल फ्री नंबर 18001801011 पर कार्य दिवस में सुबह 9 से शाम को 9 बजे तक संपर्क किया जा सकता है। बिजली चोरी के सम्बंध में जानकारी देने वाले व्यक्ति की पहचान को गुप्त रखा जाएगा।
क्रमांक - 2017

चंडीगढ़, 4 जुलाई- हरियाणा के खाद्य नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले राज्य मंत्री श्री कर्ण देव काम्बोज ने कहा है कि एसवाईएल मुद्दे पर इनेलो तथा कांग्रेस मिलीभगत कर प्रदेश के लोगों को गुमराह कर रहे है बल्कि हकीकत यह है कि पहली बार भारतीय जनता पार्टी प्रदेश में बनी सरकार के प्रयासों से सर्वोच्च न्यायालय में 12 वर्षों से राष्ट्रपति संदर्भ  के लिए लंबित पड़े मुद्दे की मुख्यमंत्री के प्रयासों से न्यायालय में नियमित सुनवाई हुई और हरियाणा के हक में फैसला आया।
    श्री काम्बोज आज लोगों की समस्याएं सुनने के बाद एसवाईएल मुद्दे को लेकर इनेलो द्वारा 10 जुलाई को पंजाब की सीमाएं बंद करने के दिए गए आह्वान पर पत्रकारों द्वारा पूछे जाने पर प्रतिक्रिया दे रहे थे।
एक प्रश्र के उत्तर में श्री काम्बोज ने कहा कि  क्या हरियाणा में कांग्रेस व इनेलो की सरकारें नहीं रही, उस समय उन्होंने एसवाईएल मुद्दे का हल क्यों नहीं किया। अब भाजपा सरकार के कार्यकाल में हरियाणा के हक में फैसला आया है तो दोनों पार्टीयां मिलीभगत कर लोगों को गुमराह कर रही हैं।
श्री कम्बोज ने कहा कि लोकतंत्र में हर किसी को कानूनी प्रक्रिया के तहत अपनी बात रखने का हक है परन्तु कानून हाथ में लेने की किसी को इजाजत नहीं। 10 जुलाई को पुलिस कानून व्यवस्था को बनाए रखने के लिए पूरी तरह तैयार है।
क्रमांक- 2017
 
चंडीगढ़, 4 जुलाई- हरियाणा विश्वकर्मा कौशल विश्वविद्यालय द्वारा हरियाणा उद्योग एवं वाणिज्य विभाग के सहयोग से हिपा में 7 जुलाई को प्रात: 10.30 बजे से शिक्षा - उद्योग सम्मेलनका आयोजन किया जाएगा। इस सम्मेलन में हरियाणा उद्योग एवं वाणिज्य विभाग के प्रधान सचिव सुधीर राजपाल मुख्य अतिथि होंगे।
     इस बारे में जानकारी देते हुए कुलपति राज नेहरू व आयोजक डा. विक्रम बंसल ने बताया कि कौशल विकास के क्षेत्र में उद्योग एवं शिक्षा का महत्वपूर्ण स्थान है तथा संपूर्ण कौशल विकास दोनों आयामों के सामूहिक प्रयासों से ही संभव है। इस तरह के साँझा प्रयासों से जहां एक तरफ हरियाणा के युवा वर्ग के लिए  बेहतर अवसर उपलब्ध करवाए जा सकते है, वहीं दूसरी और उद्योग को सक्षम श्रम शक्ति द्वारा बहुत सी समस्याओं से निजात मिल सकती है। इस सम्मेलन में पुरे हरियाणा से उद्योग जगत के जाने माने उद्योगपति हिस्सा ले लेंगे। उद्योग जगत ने भी हरियाणा विश्वकर्मा कौशल विश्वविद्यालय के इस प्रयास की सराहना की है।
क्रमांक-2017
 
चंडीगढ़, 4 जुलाई- हरियाणा की डिम्ड एवं प्राइवेट यूनिवर्सिटी के अंतर्गत आने वाले इंस्टीट्यूट सहित प्रदेश के सभी सरकारी/सरकारी सहायता प्राप्त/प्राइवेट  मैडिकल एवं डैंटल इंस्टीट्यूटस में एमबीबीएस/बीडीएस कोर्सांे में दाखिले नीट-यूजी 2017 की मैरिट के आधार पर संयुक्त ऑनलाइन काऊंसलिंग के माध्यम से किए जाएंगे।
    इस बारे में जानकारी देते हुए चिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान,हरियाणा के निदे
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