अंतरराष्ट्रीय मोबाइल स्मगलिंग से जुड़ा बड़ा गिरोह धराया, 103 मोबाइल, देसी कट्टा और चोरी की बाइक बरामद

नॉर्थ-वेस्ट दिल्ली की पुलिस ने एक ऐसे कुख्यात स्नैचर्स–कम–रिसीवर्स सिंडिकेट का भंडाफोड़ किया है जो न केवल लगातार मोबाइल स्नैचिंग की वारदातों को अंजाम दे रहा था, बल्कि चोरी किए गए मोबाइल फोन को अंतरराष्ट्रीय नेटवर्क के जरिए नेपाल तक भेजने में भी शामिल था। PP WPIA और PS अशोक विहार की संयुक्त टीम ने इस नेटवर्क के तीन मुख्य सदस्यों—किशन उर्फ किशोर उर्फ गोलू, मोहित उर्फ बादशाह और रोहित—को गिरफ्तार कर पूरे गैंग की परतें खोल दी हैं।

इस कार्रवाई की शुरुआत 1 दिसंबर को हुई, जब अशोक विहार में फैक्ट्री के वॉचमैन गणेश दुबे का मोबाइल दो बदमाशों ने ब्लैक पल्सर बाइक पर आकर झपट लिया। मामले की गंभीरता को देखते हुए SI रोहित चाहर की अगुवाई में टीम गठित की गई, जिसने सीसीटीवी फुटेज और स्थानीय सूचना के आधार पर वारदात को अंजाम देने वाले कुख्यात स्नैचर किशन को धर दबोचा। आरोपी के पास से एक देसी कट्टा, दो जिंदा कारतूस, एक वीवो मोबाइल और चोरी की पल्सर बाइक बरामद हुई। बाइक की जांच में पता चला कि वह भी केशवपुरम इलाके से चोरी की गई थी।

किशन की निशानदेही पर उसके ठिकाने से 40 और मोबाइल फोन बरामद हुए। पूछताछ के बाद पता चला कि उसका साथी मोहित उर्फ बादशाह भी इस रैकेट का सक्रिय सदस्य है। टीम ने 4 दिसंबर को मोहित को भी गिरफ्तार कर लिया, जिसके कब्जे से PS शालीमार बाग से चोरी हुआ एक मोबाइल मिला। दोनों से पूछताछ में इस नेटवर्क के रिसीवर रोहित का नाम सामने आया, जो चोरी के मोबाइल इकट्ठा कर उन्हें आगे नेपाल भेजने वाले हैंडलर तक पहुँचाता था। पुलिस ने रोहित को गिरफ्तार कर उसके और अमित के ठिकाने से कुल 61 मोबाइल फोन (29 + 32) बरामद कर लिए।

पूछताछ में सामने आया कि गिरोह मोबाइल फोन स्नैच करने के बाद सबसे पहले उसे कमजोर पिन या पैटर्न लॉक की मदद से अनलॉक करता था। कई लोग सरल पासवर्ड—जैसे 1234, जन्मतिथि, L/Z/M पैटर्न—का इस्तेमाल करते हैं, जिन्हें आरोपी कुछ ही सेकंड में तोड़ देते थे। इसके बाद वे UPI, ई-वॉलेट, बैंकिंग ऐप्स और OTP के जरिए लाखों रुपये की अनधिकृत डिजिटल लेन-देन कर लेते थे। इतना ही नहीं, फोन से डाटा निकालने के बाद वे सिम कार्ड हटाकर ट्रेसिंग से बचते थे।

रैकेट का नेटवर्क दिल्ली से शुरू होकर नेपाल तक फैला हुआ था, जहां चोरी किए गए फोन की IMEI बदलकर उन्हें फिर से मार्केट में बेचा जाता था।

दिल्ली पुलिस ने 103 स्मार्टफोन, एक देसी कट्टा, दो कारतूस और चोरी की बाइक बरामद कर बड़ी सफलता हासिल की है। मामले में नेपाल कनेक्शन के हैंडलर की तलाश जारी है।

पुलिस ने जनता को चेतावनी दी है कि मोबाइल में साधारण पिन या पैटर्न का प्रयोग करने से अपराधियों को डिजिटल फ्रॉड का खुला रास्ता मिल जाता है। लोगों को सलाह दी गई है कि वे मजबूत अल्फ़ान्यूमेरिक पासवर्ड, बायोमेट्रिक लॉक और टू-फैक्टर ऑथेंटिकेशन अवश्य इस्तेमाल करें, ताकि ऐसे अपराधों से बचा जा सके।

यह कार्रवाई नॉर्थ-वेस्ट जिला पुलिस के डीसीपी भिशम सिंह के नेतृत्व में की गई, जिसने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर फैले इस मोबाइल स्मगलिंग सिंडिकेट को बड़ी सटीकता से खत्म किया।

  • Leema

    Related Posts

    अग्रसेन के विचार एवं सिद्धांत आज के युग में भी प्रासंगिक है: स्वामी आर्यवेश

    भिवानी, 10 अक्टूबर। बच्चों को केवल पुस्तकों के माध्यम से महापुरुषों के जीवन से परिचित करवाना पर्याप्त नहीं है, बल्कि रचनात्मक गतिविधियों के माध्यम से उनके विचारों को समझने और…

    पैरामाउंट सिंटेक्स के आईपीओ को मिला दमदार रिस्पॉन्स

    मुंबई (अनिल बेदाग): वस्त्र उद्योग की कंपनी पैरामाउंट सिंटेक्स लिमिटेड के आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (आईपीओ) को निवेशकों का शानदार समर्थन मिला है। कंपनी का 81.79 करोड़ रुपये का लघु एवं…

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    You Missed

    हस्तरेखा से भी पता चलता है पितृदोष

    हस्तरेखा से भी पता चलता है पितृदोष

    कुंडली में पितृदोष कैसे पहचाना जाता है? जानिए ज्योतिषीय मान्यताएं

    कुंडली में पितृदोष कैसे पहचाना जाता है? जानिए ज्योतिषीय मान्यताएं

    पितृपक्ष ही नहीं, हर अमावस्या पितरों को याद करें, उनके नाम पर किसी गरीब के जीवन में रोशनी लाएं

    पितृपक्ष ही नहीं, हर अमावस्या पितरों को याद करें, उनके नाम पर किसी गरीब के जीवन में रोशनी लाएं

    अग्रसेन के विचार एवं सिद्धांत आज के युग में भी प्रासंगिक है: स्वामी आर्यवेश

    अग्रसेन के विचार एवं सिद्धांत आज के युग में भी प्रासंगिक है: स्वामी आर्यवेश

    पैरामाउंट सिंटेक्स के आईपीओ को मिला दमदार रिस्पॉन्स

    पैरामाउंट सिंटेक्स के आईपीओ को मिला दमदार रिस्पॉन्स

    कुलजीत सिंह चहल ने 43 एनडीएमसी एवं नवयुग स्कूलों में ‘सेवा चित्र’ प्रतियोगिताओं का किया शुभारंभ

    कुलजीत सिंह चहल ने 43 एनडीएमसी एवं नवयुग स्कूलों में ‘सेवा चित्र’ प्रतियोगिताओं का किया शुभारंभ