नेशनल कमीशन फॉर शेडयूल्ड कास्ट्स द्वारा भारत मंडपम में आयोजित डॉ. B. R. Ambedkar की 136वीं जयंती पर भव्य कार्यक्रम में सामाजिक न्याय और समानता को विकसित भारत की नींव बताया गया। इस मौके पर लोकसभा अध्यक्ष Om Birla मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।
कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि डॉ. अंबेडकर के सिद्धांत आज भी उतने ही प्रासंगिक हैं, जितने पहले थे। समाज में समानता, शिक्षा और आत्मसम्मान को बढ़ावा दिए बिना देश के समग्र विकास की कल्पना अधूरी है।
आयोग के अध्यक्ष किशोर मकवाना ने अपने संबोधन में कहा कि डॉ. अंबेडकर ने वंचित वर्गों को न्याय दिलाने और उनके अधिकारों की रक्षा के लिए जो सोच दी, वही आज भी देश के विकास का आधार है। उन्होंने यह भी कहा कि जब तक सामाजिक असमानता और जाति आधारित भेदभाव खत्म नहीं होगा, तब तक विकसित भारत का सपना अधूरा रहेगा।
वहीं लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा कि डॉ. अंबेडकर के विचार युवाओं के लिए प्रेरणा हैं और सामाजिक समानता ही राष्ट्र निर्माण की सबसे बड़ी ताकत है। उन्होंने शिक्षा को बदलाव का सबसे मजबूत माध्यम बताते हुए कहा कि हर वर्ग तक न्याय पहुंचाना ही सच्चा विकास है।
इस अवसर पर देशभर से आए जनप्रतिनिधियों, शिक्षाविदों और सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने भाग लिया और डॉ. अंबेडकर को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए उनके सिद्धांतों को अपनाने का संकल्प लिया।






