नई दिल्ली। संवेदनशील सामाजिक सरोकारों और मानवीय मूल्यों को केंद्र में रखकर लिखने वाले वरिष्ठ साहित्यकार जेपी सहज के नवीन एकांकी संकलन ‘एक मलिन पन्ना’ का साहित्यिक जगत में गर्मजोशी से स्वागत किया जा रहा है। पुस्तक के प्रकाशन पर साहित्यकारों, समाजसेवियों, शिक्षाविदों और विभिन्न क्षेत्रों की प्रतिष्ठित हस्तियों ने लेखक को हार्दिक शुभकामनाएँ देते हुए कृति की सफलता की कामना की।
पुस्तक भेंट एवं संवाद के दौरान उपस्थित अतिथियों ने कहा कि ‘एक मलिन पन्ना’ केवल एक साहित्यिक कृति नहीं, बल्कि समाज की वास्तविकताओं, मानवीय संवेदनाओं और जीवन के विविध पहलुओं का सशक्त दस्तावेज़ है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि यह एकांकी संकलन पाठकों को आत्ममंथन के लिए प्रेरित करेगा तथा समाज में सकारात्मक सोच और मानवीय मूल्यों को सुदृढ़ करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
वक्ताओं ने कहा कि वर्तमान समय में जब समाज अनेक चुनौतियों का सामना कर रहा है, ऐसे दौर में जेपी सहज जैसी सशक्त लेखनी समाज को नई दिशा देने का कार्य कर रही है। उनकी रचनाओं में जीवन की सच्चाइयों, सामाजिक विषमताओं और मानवीय भावनाओं का अत्यंत प्रभावशाली चित्रण देखने को मिलता है, जो पाठकों के मन-मस्तिष्क पर गहरी छाप छोड़ता है।
इस अवसर पर जेपी सहज ने सभी शुभचिंतकों, साहित्य प्रेमियों एवं अतिथियों का हृदय से आभार व्यक्त करते हुए कहा कि ‘एक मलिन पन्ना’ उनके जीवन के अनुभवों, सामाजिक अवलोकनों और मानवीय संवेदनाओं की अभिव्यक्ति है। उन्होंने कहा कि पाठकों का स्नेह, विश्वास और प्रोत्साहन ही उनकी लेखनी की सबसे बड़ी प्रेरणा है और यही उन्हें भविष्य में भी समाजोपयोगी साहित्य सृजन के लिए निरंतर प्रेरित करता रहेगा।
कार्यक्रम के अंत में उपस्थित सभी गणमान्यजनों ने लेखक को उज्ज्वल साहित्यिक भविष्य की शुभकामनाएँ देते हुए विश्वास व्यक्त किया कि ‘एक मलिन पन्ना’ साहित्य प्रेमियों के बीच विशेष स्थान बनाएगी और हिंदी साहित्य को एक महत्वपूर्ण एवं सार्थक कृति प्रदान करेगी







